हौज़ा / इंसान की शख्सियत सिर्फ उसके आमाल से तशकील नहीं पाती, बल्कि उस कहानी से बनती है जो वह अपने बारे में सुनता और तस्लीम करता है। तरबियत का एक निहायत मोअस्सिर उसूल यह है कि इंसान को उसकी मौजूदा…
हौज़ा / कुछ लोग बहुत सारी नेकीया करते हैं लेकिन उनका कहना है कि हमें किसी पैग़म्बर और धर्म की ज़रूरत नहीं है, तो एक नया सवाल उठता है: इन अच्छे कामों का आधार और अंजाम क्या है?