हौज़ा / हौज़ा ए इल्मिया के अख़लाक़ियात के उस्ताद ने क़ुरआन और रिवायात में इस्लाम और ईमान के अंतर को स्पष्ट करते हुए अमीरुल मोमिनीन हज़रत अली अलैहिस्सलाम की विलायत को ईमान के बुनियादी स्तंभों…
हौज़ा / तेहरान के प्रसिद्ध उस्ताद-ए-अख़लाक़ उस्ताद मुहम्मद बाक़िर तहरीरी ने माहे-रजब की रूहानी और मानवीय अहमियत पर रोशनी डालते हुए कहा कि माहे-रजब अल्लाह तआला का महीना है, जिसमें ख़ास तौर पर…
हौज़ा / आयतुल्लाह तहरीरी ने कहां,कि कुरान शरीफ सिर्फ पढ़ने के लिए नाज़िल नहीं हुआ बल्कि इसका मकसद इंसान के अंदर की शुद्धि और जीवन में ईश्वरीय ज्ञान को लागू करना है। सभी कुरआनी गतिविधियों का केंद्र…