हौज़ा / अरबईन ए हुसैनी में अब केवल एक दिन शेष है। यह वह दिन है जो अहलुल बैत (अ.स.), हज़रत ज़ैनब कुबरा (स.ल.) और इमाम सज्जाद (अ.ल.) के शाम से कर्बला मुअल्लाह लौटने की याद से जुड़ा हुआ है।