हौज़ा / हुज्जतुल इस्लाम वल मुस्लिमीन सैयद सदरुद्दीन क़बांची ने कहा है कि इस्लाम एक आलमी दीन है, इसलिए आज के दौर के मुताबिक दीन की तबलीग़ के लिए आधुनिक ज़राए का इस्तेमाल बहुत ज़रूरी है। उन्होंने…
हौज़ा / जब फिक्री और अख़्लाक़ी लगज़ीश आम हो चुकी थीं, तो एक रिवायत में हज़रत इमाम हादी (अ.स.) एक बेहद अहम बीमारी की तरफ़ इशारा करते हैं,मुश्किलात को ज़माने से मंसुब करना...... ।