हौज़ा / इस्लामी इतिहास की कुछ घटनाएँ ऐसी हैं जो किसी एक दौर या क्षेत्र तक सीमित नहीं रहतीं, बल्कि हर युग में हक़ और बातिल की पहचान का पैमाना बन जाती हैं। वाक़िआ-ए-कर्बला भी ऐसा ही एक अबदी, फ़ैसला-कुन…
हौज़ा / आयतुल्लाह सैयद अहमद आलमुलहोदा ने ईद-ए-ग़दीर ख़ुम और इमाम ख़ुमैनी की बरसी के एक साथ आने को बहुत अहम मौक़ा क़रार देते हुए ताकीद की है कि इस साल “अशरा-ए-विलायत” के प्रोग्राम ज़्यादा असरदार,…