हौज़ा न्यूज़ एजेंसी के अनुसार , सरदार शिकारची ने "11 हज़ार शहीद व्यापारियों, बाज़ार कारोबारियों और आर्थिक कार्यकर्ताओं के अंतर्राष्ट्रीय कविता सम्मेलन के समापन समारोह में ट्रंप की हालिया धमकियों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा,हम ट्रंप के इस शोर-शराबे को ज़्यादा महत्व नहीं देते।
अगर कोई हमारे सुप्रीम लीडर हज़रत आयतुल्लाह ख़ामेनई के खिलाफ हाथ उठाता है, तो हम न केवल उस हाथ को काट देंगे, बल्कि उनकी पूरी दुनिया को जला देंगे। हम उन्हें कहीं भी सुरक्षित नहीं रहने देंगे यह कोई नारा नहीं, बल्कि हमारा दृढ़ संकल्प है।
उन्होंने दुश्मन के खिलाफ व्यापारियों और दुकानदारों की भूमिका की सराहना करते हुए कहा,दुश्मन को पता है कि अगर वे हमारी भूमि पर हमला करते हैं, तो हम उनके पैर उखाड़ देंगे। हमने यह 12-दिवसीय युद्ध ने साबित कर दिया।
व्यापारियों ने न केवल दुश्मन का साथ नहीं दिया, बल्कि उन्हें मुंहतोड़ जवाब दिया। दुश्मन चाहता था कि सैन्य हमले के साथ-साथ बाजार अराजकता का शिकार हो लेकिन वह नाकाम रहा।
सरदार शिकारची ने कहा कि अमेरिका को ईरान के खिलाफ कभी सफलता नहीं मिली,दुश्मन की रणनीति सिर्फ खून बहाना थी चाहे बच्चे हों, युवा हों, निर्दोष हों या अधिकारी। उन्होंने सड़कों पर जिसे भी देखा मार डाला।
हमारी सुरक्षा बलों ने खुद को ढाल बना लिया, ताकि युवाओं की जान बच सके। लेकिन आतंकियों ने हमारे जवानों को काट-काटकर, उनके सिर कलम करके और पेट्रोल डालकर जला दिया।
उन्होने व्यापारियों और बाजार कारोबारियों को प्रतिरोध का महत्वपूर्ण स्तंभ बताया गया।अमेरिका और उसके सहयोगियों की ईरान के खिलाफ विफलताओं पर प्रकाश डाला,आतंकवादियों की क्रूरता और सुरक्षा बलों के बलिदान को रेखांकित किया गया।
आपकी टिप्पणी