हौज़ा न्यूज़ एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, इस्लामी क्रांति के सुप्रीम लीडर ने अपने संदेश में पुलिस बल के जवानों की सेवाओं, बलिदान और देश की सुरक्षा में उनकी भूमिका की सराहना की।
इस्लामी क्रांति के सुप्रीम लीडर का संदेश इस प्रकार:
बिस्मिल्लाहिर्रहमानिर्रहीम
शांति और सुरक्षा, ईश्वर की सबसे महत्वपूर्ण नेमतों में से एक है। प्रिय ईरान के विभिन्न क्षेत्रों में, बड़े शहरों से लेकर गांवों और मोहल्लों की छोटी-छोटी बस्तियों तक, कठिन मौसम और विभिन्न भौगोलिक परिस्थितियों में, पहाड़ों से लेकर समुद्रों तक, मैदानों और जंगलों से लेकर देश के मध्यवर्ती क्षेत्रों तक सुरक्षा सुनिश्चित करना पुलिस बल के समर्पित और मेहनती जवानों के साहस एवं बहादुरी का परिणाम है। यह अत्यंत कठिन कार्य है और पुलिस बल देश की सुरक्षा के मजबूत स्तंभों में से एक है।
यह सुरक्षा समाज में सामाजिक, नैतिक और सामान्य कल्याण के विभिन्न पहलुओं को सुनिश्चित करती है। इतनी मूल्यवान सेवा अल्लाह के मार्ग में जिहाद के समान है और इसे समाज का मजबूत समर्थन भी प्राप्त है।
हाल के वर्षों में कमान और मुख्यालय के विभिन्न स्तरों से लेकर थानों और चौकियों तक, सुरक्षा सुनिश्चित करने में पुलिस बल की महत्वपूर्ण भूमिका और अधिक स्पष्ट हुई है। थोपी गई दूसरी और तीसरी जंग के दौरान इस भूमिका के प्रमाण और अधिक सामने आए। अमेरिका और ज़ायोनी दुश्मन ने पुलिस बल के विभिन्न स्तरों के अधिकारियों और जवानों को निशाना बनाने पर विशेष ध्यान दिया। उच्चतम पदों पर तैनात अधिकारियों से लेकर निचले स्तर के जवानों तक को निशाना बनाए जाने से इस बल का महत्व पहले से अधिक उजागर हुआ।
हालांकि, समाज में व्यवस्था और सुरक्षा की बुनियाद को कमजोर करने के उद्देश्य से किए गए ये निरर्थक प्रयास और दुर्भावनापूर्ण हमले अभूतपूर्व थे, लेकिन इनके कारण पुलिस के बहादुर जवान अपनी जिम्मेदारियों से तनिक भी पीछे नहीं हटे। उन्होंने सड़कों और वाहनों में भी उसी तरह अपनी भूमिका निभाई और जिम्मेदारियां पूरी कीं, जैसे वे अपने निर्धारित केंद्रों में करते थे।
इसीलिए पीड़ित किंतु शक्तिशाली ईरानी राष्ट्र देश की सुरक्षा के लिए लगातार प्रयास करने वाले सेवकों की मेहनत और सेवाओं की सराहना करता है। दूसरी ओर, सेना और इस्लामी क्रांतिकारी गार्ड कोर (सिपाह) की तरह समाज के बीच से आने वाले पुलिस बल के जवान भी अपने भरोसेमंद व्यवहार से इस महत्वपूर्ण संस्थान पर जनता के विश्वास को और मजबूत कर सकते हैं।
कई बार आम लोग सुरक्षा की रक्षा करने वाले जवानों की मेहनत और कुर्बानियों को मामूली समझ लेते हैं। यही उनकी गुमनामी और उपेक्षा है, जो ईश्वर के निकट उनके प्रतिफल को और बढ़ाती है।
सुरक्षा बलों को मानवीय संसाधनों, उपकरणों और तकनीकी क्षमताओं सहित सभी क्षेत्रों में मजबूत बनाना आवश्यक है। विशेष रूप से तकनीकी प्रगति, जिसमें डेटा के विश्लेषण में कृत्रिम बुद्धिमत्ता का स्मार्ट उपयोग भी शामिल है, पुलिस बल की जिम्मेदारियों के स्तर को बेहतर बनाने और उन्हें अधिक आसानी से पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
पुलिस बल के महान शहीदों के दर्जे की बुलंदी और उनके लिए ईश्वरीय कृपा की कामना करते हुए, मैं पुलिस बल के सभी परिवारों, अधिकारियों, जवानों और बहादुर युवाओं, विशेष रूप से इस बल के बहादुर, अथक परिश्रमी और कुशल कमांडर तथा उनके प्रयासों की सराहना करता हूं।
मुझे आशा है कि हमारे स्वामी एवं आका इमाम ज़माना (अ.ज.) की दुआओं के आशीर्वाद से वे इस्लामी गणराज्य ईरान की सुरक्षा, शक्ति और सम्मान को और अधिक ऊंचाइयों तक पहुंचाने में सफल होंगे।
सय्यद मुज्तबा हुसैनी खामेनेई
8 अक्टूबर 2026
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