हौज़ा / हमारा समाज अमीरुल मोमेनीन अलैहिस्सलाम की परहेज़गारी की दिशा में आगे बढ़े।मतलब यह नहीं है कि हम अमीरुल मोमेनीन की तरह परहेज़गार बन जाएं। क्योंकि न हम बन सकते हैं न हम से इसकी मांग की गयी…
हौज़ा / शहीद हम से कहते हैं,और अपने पसमांदगान के बारे में भी, जो अभी उनके पास नहीं पहुंचे हैं, ख़ुश और मुतमइन हैं कि उन्हें कोई ख़ौफ़ नहीं हैऔर न ही कोई हुज़्न व मलाल है बस खाली वह चाहते हैं…
हौज़ा / हज़रत आयतुल्लाहिल उज़्मा ख़ामेनेई ने पाकीज़ा डिफ़ेंस सप्ताह और शहीदों की याद में मनाए जाने वाले विशेष दिवस "मेहमानिए लालेहा" के मौक़े पर शहादत को संघर्ष का इनाम बताया और बल दिया कि क़ौमें…
हौज़ा / अगर इंसान सही दिशा में क़दम उठाएंगा तो आगे बढ़ेंगा। इसी तरह अगर ग़लत दिशा में क़दम उठाएंगा तो नाकामी का शिकार होते चले जाएंगा। जैसा कि क़ुरआन मजीद में भी इन दोनों हालतों की ओर इशारा हुआ…