हौज़ा न्यूज़ हिंदी (1638)
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गैलरीफ़ोटो / कर्बला-ए-मौअल्ला में 11 मुहर्रमुल हराम के अवसर पर अहल-ए-हरम (अ) की कैद के दर्दनाक दृश्य
कर्बला-ए-मौअल्ला में 11 मुहर्रमुल हराम के अवसर पर कर्बला की घटना के बाद इमाम हुसैन (अ) के अहल-ए-बैत के काफिले की कैद के अत्यंत मार्मिक दृश्यों का प्रभावशाली मंचन किया गया। इस दृश्य को देखकर हजारों…
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भारतअंजुमने शरई शियान के तहत अज़ादारी और जुलूसों का सिलसिला जारी, इमाम की पैरवी पर ज़ोर
जम्मू-कश्मीर में कश्मीर शिया शरीयत संगठन के तत्वावधान में यौम-ए-आशूरा के अवसर पर भव्य धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। मीरगंड (बडगाम) और गुलशन बाग (श्रीनगर) के जुलूसों में दसियों हजार अज़ादारों…
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गैलरीफोटो / अमेरिका के शहर ह्यूस्टन में आशूरा और शाम-ए-ग़रीबां की मजलिसों का आयोजन
अमेरिका की टेक्सास राज्य के शहर ह्यूस्टन में स्थित मरकज़ अहलेबैत “दारुल अब्बास” में मुहर्रम के दस दिनों, यौम-ए-आशूरा और शाम-ए-ग़रीबां के अवसर पर मजलिस-ए-अज़ा आयोजित की गईं। इनमें बड़ी संख्या…
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उलेमा और मराजा ए इकरामइमाम सज्जाद (अ) की दुआएँ; जिहाद-ए-तबयीन का प्रभावशाली हथियार
दुआ और मुनाजात, इमाम ज़ैनुल आबिदीन (अ) का ऐसा प्रभावी माध्यम था, जिसके द्वारा उन्होंने जिहाद-ए-तबयीन के क्षेत्र में तथा उम्मत को सत्य और नूर ए इलाही की ओर मार्गदर्शन करने का महान कार्य किया।
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धार्मिकइमाम हुसैन (अ) के साथियों का चयन क्यों एक जागरूक चुनाव था?
इमाम हुसैन (अ) के साथियों की महानता इस बात में थी कि उन्होंने पूरी समझ और स्वतंत्रता के साथ उनका साथ चुना। इमाम ने आशूरा की रात अपने साथियों से बैअत को उठा लिया और जाने का रास्ता खुला छोड़ दिया,…
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हुज्जतुल इस्लाम ग़ुलाम अली सफ़ाईः
उलेमा और मराजा ए इकरामदुनिया का भविष्य हुसैनी व्यवस्था और अहलेबैत (अ) की संस्कृति से जुड़ा हुआ है
बुशहर में वली ए फ़कीह के प्रतिनिधि हुज्जतुल इस्लाम गुलाम अली सफ़ाई ने इमाम हुसैन (अ) की मजलिस को संबोधित करते हुए कहा कि दुनिया का भविष्य हुसैनी व्यवस्था और अहलेबैत (अ) की संस्कृति से जुड़ा है।
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दुनियाश्रीलंका में आशूरा के दिन सम्मानपूर्वक मजलिस का आयोजन
पूर्वी श्रीलंका के शहर वालाचिना में आशूरा के दिन हुसैनिया “इत्तेहाद-ए-मोहिब्बीन-ए-अहले-बैत” में एक भावपूर्ण मजलिस-ए-अज़ा आयोजित की गई, जिसमें उलेमा, शिया समुदाय और अहले-बैत के प्रेमियों ने इमाम…
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9 मोहर्रम की रात मुग़ल मस्जिद मुंबई की मरकज़ी मजलिस
भारतकर्बला केवल एक जंग नहीं है, बल्कि प्रेम, वफ़ा और बलिदान का अमर सबक हैः मौलाना सय्यद नजीबुल हसन ज़ैदी
मुग़ल मस्जिद में मरकज़ी अशरा-ए-मोहर्रम के समापन और शब-ए-आशूरा की मजलिस को खिताब करते हुए हुज्जतुल इस्लाम वल-मुस्लिमीन मौलाना सय्यद नजीबुल हसन ज़ैदी ने कहा कि जब प्रेम अपनी चरम सीमा पर पहुँचता…
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दिन की हदीसः
धार्मिकइमाम हुसैन (अ) की जुदाई में ख़ून के आँसू
इमाम ज़माना, हज़रत महदी (अ) ने ज़ियारत-ए-नाहिया में अपने दादा हज़रत अबा अब्दिल्लाहिल हुसैन (अ) के लिए अपने गहरे दुःख, ग़म और अपार मोहब्बत को व्यक्त करने वाले शब्द कहे हैं।
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भारतपश्कुम, कारगिल में हज़रत अब्बास अलमदार (अ) की याद में मातमी जुलूस निकाला गया
8 मुहर्रमुल हराम 1448 हिजरी के अवसर पर इमाम ख़ुमैनी मेमोरियल ट्रस्ट की सहयोगी संस्था अल-हिलाल कमेटी पश्कुम के तत्वावधान में हज़रत अबुल फ़ज़्लिल-अब्बास (अ), कर्बला के ध्वजधारक की याद में एक मातमी…
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हौज़ा न्यूज़ से हुज्जतुल इस्लाम वल मुस्लेमीन मुन्तज़री मुक़द्दम की बातचीत
इंटरव्यूवर्तमान समाज के लिए हज़रत सय्यद उश शोहदा (अ) के आंदोलन का संदेश और सबक
हुज्जतुल इस्लाम वल मुस्लेमीन मुन्तज़री मुक़द्दम ने कहा: हज़रत सय्यद उश शोहदा इमाम हुसैन (अ) के व्यक्तित्व को आशूरा से अलग करके नहीं समझा जा सकता। आशूरा केवल एक ऐतिहासिक घटना नहीं है, बल्कि यह…
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हुज्जतुल-इस्लाम सय्यद अली रज़ा ऐबादी:
उलेमा और मराजा ए इकरामआज ईरान, आशूराई संस्कृति के साथ सम्मान और शक्ति के शिखर पर है
बुर्ज़ंद के इमाम जुमा ने मोमिनों के गहरे आध्यात्मिक संबंध और रिवायत «हल्लिद्दीन इल्लल हुब्ब वल बुग़्ज़» का हवाला देते हुए मौजूदा ईरान की इज़्ज़त को प्रतिरोध और अहले-बैत (अ) की मोहब्बत का परिणाम…
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भारतमोहर्रम सिर्फ ग़म और मातम का महीना नहीं है, बल्कि अपने किरदार और समाज के व्यवहार का हिसाब लेने का समय भी है: मौलाना रज़ी हैदर फंदेड़वी
मुज़फ्फरनगर ज़िले के लडवा में आयोजित एक मजलिस-ए-अज़ा को संबोधित करते हुए मौलाना सैयद रज़ी हैदर फंदे़ड़वी ने कहा कि इमाम हुसैन (अ) की शहादत सिर्फ एक ऐतिहासिक घटना नहीं है, बल्कि यह समाज सुधार,…
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गैलरीफ़ोटो / कारगिल में 7 मुहर्रम को हज़रत अली अकबर (अ) की याद में भव्य जुलूस-ए-अज़ा निकाला गया
कारगिल में इमाम ख़ुमैनी मेमोरियल ट्रस्ट के तहत बसीज-ए-इमाम विभाग की ओर से 7 मुहर्रम के दिन हज़रत अली अकबर (अ) की शहादत की याद में “यौम-ए-जवान” बड़े सम्मान और श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस मौके…
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दुनियामुहर्रम के दिनों में रास अल-हुसैन मस्जिद बंद किए जाने पर मिस्र के शियो ने जताई चिंता
मिस्र के शिया नागरिक गहरी चिंता के साथ उन प्रतिबंधों को देख रहे हैं जिनका सामना उन्हें केवल अपने धार्मिक विश्वासों की वजह से करना पड़ रहा है। जबकि मिस्र का संविधान सभी नागरिकों को बिना किसी भेदभाव…
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भारतग़दीर का संदेश और कर्बला की कुर्बानी एक ही मिशन के दो पहलू हैं : मौलाना अब्बास बाक़री
मुहर्रम की सातवीं तारीख को शहर की विभिन्न इमामबारगाहों में इमाम हुसैन (अ.स.) और उनके साथियों की याद में मजलिसों, मातमी जुलूसों और नोहाख्वानी का सिलसिला जारी रहा। इस अवसर पर अधिकतर मजलिसों में…
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धार्मिकज़ियारत-ए-आशूरा | सिल्म से हरब तक; अहलेबैत (अ) की दोस्ती और दुश्मनी का नमूना
अहलेबैत (अ) के दुश्मनों के लिए रास्ता आसान बनाना, चाहे वह किसी छोटे या भौतिक बहाने से ही क्यों न हो, एक प्रकार से उनके साथ मेल-जोल और सहमति मानी जाती है। आज भी हम एक कठिन सांस्कृतिक और राजनीतिक…
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बच्चे और महिलाएंशहीद आयतुल्लाह ख़ामेनई: कैसे क़ुरआन पश्चिमी सभ्यता के महिला संबंधी समीकरणों को उलट देता है?
शहीद नेता आयतुल्लाह ख़ामेनेई अपने इन बयानों में पश्चिमी सभ्यता में महिला के प्रति दृष्टिकोण का उल्लेख करते हुए बताते हैं कि उस ढांचे में पुरुष को आदर्श माना जाता है और महिला सामाजिक स्थान प्राप्त…
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विशेष रिपोर्ट:
दुनियाअफ्रीका के विभिन्न देशों में अशरा-ए-मुहर्रम श्रद्धा, जागरूकता और निष्ठा के साथ जारी
मुहर्रमुल हराम के आगमन के साथ ही अफ्रीका के विभिन्न देशों में इमाम हुसैन (अ) और कर्बला की घटना को याद करने के लिए मजलिस-ए-अज़ा, भाषण और विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। विभिन्न शहरों…
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बगदाद के इमाम-ए-जुमा:
दुनियाईरान के विरुद्ध हालिया सैन्य आक्रामकता केवल एक देश के खिलाफ युद्ध नहीं, बल्कि पूरी मुस्लिम उम्मत की प्रतिष्ठा और स्वतंत्रता की लड़ाई है
आयतुल्लाह सय्यद यासीन मूसवी ने अमेरिका और इज़राइल द्वारा ईरान के खिलाफ छेड़े गए हालिया युद्ध की व्यापक प्रकृति पर जोर देते हुए कहा कि यह संघर्ष किसी एक देश का युद्ध नहीं है, बल्कि इस्लामी उम्मत…
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धार्मिकइमाम हुसैन (अ) से प्रेम, इंसान के लिए इलाही ख़ैर की निशानी है
इमाम जाफ़र सादिक़ (अ) ने एक रिवायत में हज़रत अबा अब्दिल्लाह अल-हुसैन (अ) से मोहब्बत और उनकी ज़ियारत की चाहत को अल्लाह की ओर से मिलने वाली भलाई और बरकत की निशानी बताया है।
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उलेमा और मराजा ए इकरामइस वर्ष का मुहर्रम सुप्रीम लीडर की शहादत के कारण एक विशिष्ट रंग और भावना लिए हुए है: आयतुल्लाह दरी नजफ़ाबादी
ईरान के केंद्रीय प्रांत में सुप्रीम लीडर के प्रतिनिधि आयतुल्लाह क़ुर्बान अली दरी नजफ़ाबादी ने कहा है कि इस वर्ष का मुहर्रमुल हराम असाधारण महत्व का है, क्योंकि यह रहबर-ए-मुअज्ज़म इंक़िलाब-ए-इस्लामी…
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गैलरीफ़ोटो / लखनऊ में 18वीं अंतरराष्ट्रीय मुहर्रम प्रदर्शनी का आयोजन
लखनऊ की ऐतिहासिक लाला बारादरी में “वन वॉइस फॉर ऑल रिलिजन” के तहत 18वीं अंतरराष्ट्रीय मुहर्रम प्रदर्शनी 2026 का आयोजन किया गया, जहाँ फोटोग्राफी, पेंटिंग और सुलेख (कैलीग्राफी) के माध्यम से घटना-ए-कर्बला…
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भारतअंजुमन ए शरई शियान जम्मू कशमीर के तत्वाधान मे जुलूस ए अलम / प्रतिरोध के शहीदों को श्रद्धांजलि
अंजुमन ए शरई शियान जम्मू कशमीर के घोषित मुहर्रम कार्यक्रम के तहत कश्मीर घाटी के विभिन्न क्षेत्रों में शोक जुलूसों के निकलने का सिलसिला जारी है।
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ईरानहम सुप्रीम लीडर के आदेशों को अपनी आँखों का तारा बनाकर उनका पालन करेंगे।क़ालिबाफ़
हौज़ा / इस्लामी परामर्श सभा के अध्यक्ष मोहम्मद बाक़िर क़ालिबाफ़ का सर्वोच्च नेता के नाम संदेश: हम आपके मार्गदर्शक और दूरदर्शी संदेश के लिए आभारी हैं।
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गैलरीफ़ोटो / अली असगर दिवस बड़ी श्रृद्धा और सम्मान के साथ मनाया गया, मागाम मे सबील की व्यवस्था
अंतर्राष्ट्रीय अली असगर दिवस और माह-ए-मुहर्रमुल हराम के सिलसिले में ज़िला बडगाम के मागाम में धार्मिक एवं जनकल्याणकारी कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर शहीदों-ए-कर्बला को श्रद्धांजलि…
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भारतजम्मू कशमीर मे कर्बला के छह माह के शहीद हज़रत अली असगर (अ) को ज़बरदस्त श्रद्धांजलि
जम्मू-कश्मीर अंजुमन शरीयत शिया, दारुल-मुस्तफ़ा के तत्वावधान में केंद्रीय इमामबाड़ा बडगाम, प्राचीन इमामबाड़ा हसनाबाद श्रीनगर, इमामबाड़ा यागीपोरा मागाम सहित अंजुमन के अंतर्गत विभिन्न जुमा केंद्रों…
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ईरानशहर क़ुम मे शहीद आयतुल्लाह अली खामेनेई (र) की शव यात्रा; हज़रत मासूमा (स) की दरगाह से मस्जिद-ए-जमकरान तक मुख्य मार्ग निर्धारित
ईरान की इस्लामी क्रांति के शहीद नेता आयतुल्लाह अली खामेनेई (र) के पार्थिव शरीर की अंतिम यात्रा की तैयारियों के संबंध में क़ुम में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई, जिसमें हज़रत मासूमा (स) की दरगाह…
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भारतकारगिल में अली असगर दिवास मनाया गया, सैकड़ों शिशु बच्चों की भागीदारी
इमाम खुमैनी मेमोरियल ट्रस्ट करगिल के महिला विभाग “बसीज ज़ैनबिया” के तत्वावधान में ज़ैनबिया हॉल, हाइदरी मोहल्ला करगिल में यौम-ए-अली असगर (अ) श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाया गया। इस अवसर पर हज़रत…
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धार्मिकज़ियारत-ए-आशूरा | ज़ालिम लोग लानत के हक़दार क्यों हैं?
ज़ियारत-ए-आशूरा में “लानत” का मतलब गाली देना नहीं है, बल्कि ज़ालिमो को अल्लाह की रहमत से दूर करने की दुआ करना है। यह लेख बताता है कि किस तरह अहले-बैत (अ) से खिलाफत छीन लेना, उनके विरुद्ध सभी…