हौज़ा / ईरान के हौज़ा ए इल्मिया के प्रमुख आयतुल्लाह अली रज़ा आराफ़ी ने अपने इराक़ दौरे के दौरान हज़रत अमीरुल मोमिनीन इमाम अली (अ.स.) के पवित्र हरम में हाज़िरी दी। उन्होंने रौज़ा-ए-मुबारक की ज़ियारत की तथा बारगाह-ए-अलवी में गहरी श्रद्धा और सम्मान अर्पित किया।
हौज़ा/हज़रत इमाम अली अलैहिस्सलाम ने एक रिवायत में मशवरा करने के बारे में सलाह दी हैं।
हौज़ा / अमीरुल मोमिनीन इमाम अली (स) ने एक रिवायत में अख़लाक़ में सुधार का रास्ता बताया है।
हौज़ा/ हज़रत इमाम अली अलैहिस्सलाम ने एक रिवायत में तौबा में जल्दी करने की सलाह दी है।
हौज़ा/अमीरुल मोमेनीन इमाम अली (अलैहिस्सलाम) ने एक रिवायत में दरियादिली और कंजूसी में फ़र्क समझाया है।
हौज़ा / हज़रत इमाम अली (अ) ने एक रिवायत में तीन नसीहतें की हैं।
हौज़ा/ हज़रत इमाम अली अ.स.ने एक रिवायत में ईदे कुर्बान के बारे में सलाह दी हैं।
हौज़ा/हज़रत इमाम अली अलैहिस्सलाम ने एक रिवायत में इंतेज़ार ए फरज के बारे में नसीहत की हैं।
हौज़ा / हज़रत इमाम अली (अ) ने एक रिवायत में इस्लाम में योद्धा की स्थिति का संकेत दिया है।
हौज़ा / हज़रत अली (अ) ने एक हदीस में इंसान की ज़िंदगी में हसद के सबसे बुरे असर के बारे में बताया है।
हौज़ा/अरबईन के अवसर पर नजफ़ शराफ़ में इमाम अली (अ) के मज़ार में जाएरीन की भीड़ होती है।
आपकी टिप्पणी