गुरुवार 30 जुलाई 2026 - 13:14
हम इज़राइल के खिलाफ व्यापक प्रतिबंधों में शामिल नहीं होंगे।जर्मनी

हौज़ा / जर्मनी के चांसलर ने यूरोपीय संघ में इज़राइल पर व्यापक आर्थिक और कूटनीतिक प्रतिबंध लगाने की बढ़ती मांगों को खारिज करते हुए कहा कि बर्लिन कभी भी इज़राइल के खिलाफ किसी व्यापक प्रतिबंध व्यवस्था का हिस्सा नहीं बनेगा। हालांकि उन्होंने वेस्ट बैंक में अवैध बस्तियों के खिलाफ लक्षित प्रतिबंधों का समर्थन किया हैं।

हौज़ा न्यूज़ एजेंसी के अनुसार , फ़्रीडरिख़ मर्त्स ने आयरलैंड के प्रधानमंत्री माइकल मार्टिन के साथ डबलिन में संयुक्त प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि जर्मनी वेस्ट बैंक में अवैध बस्तियों के विस्तार को गंभीर चिंता का विषय मानता है। उन्होंने बताया कि इस मुद्दे को उन्होंने इज़राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ अपनी बैठकों में भी उठाया है, लेकिन इसे पूरे इज़राइल पर व्यापक प्रतिबंध लगाने का आधार नहीं मानते।

जहाँ जर्मनी व्यापक प्रतिबंधों का विरोध कर रहा है, वहीं यूरोपीय संघ के विदेश मंत्री वेस्ट बैंक की इज़राइली बस्तियों पर लक्षित आर्थिक प्रतिबंधों को लेकर चर्चा जारी रखे हुए हैं।

वेस्ट बैंक की इज़राइली बस्तियों में बने सभी उत्पादों पर अतिरिक्त सीमा शुल्क (टैरिफ) लगाया जाए।इन उत्पादों के आयात को कड़े प्रशासनिक नियमों और विशेष अनुमति से जोड़ा जाए।कब्ज़े वाले क्षेत्रों की बस्तियों में बने उत्पादों के आयात पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए।

फ़्रीडरिख़ मर्त्स ने कहा कि वेस्ट बैंक में बने उत्पादों को इज़राइल को दी गई व्यापारिक रियायतों से बाहर करना पूरी तरह उचित कदम है और यूरोपीय आयोग से इस नीति को समान रूप से लागू करने की अपील की है।

जर्मनी की "विशेष ज़िम्मेदारी" पर ज़ोर जर्मन चांसलर ने कहा कि मई में यूरोपीय संघ के सदस्य देश इज़राइल पर व्यापक प्रतिबंध लगाने पर सहमत नहीं हो सके थे और अंततः केवल चार बस्ती समर्थक संगठनों तथा तीन व्यक्तियों पर प्रतिबंध लगाए गए।

उन्होंने कहा,मैं यूरोपीय देशों के नेताओं से आग्रह करता हूँ कि वे इज़राइल के प्रति जर्मनी की विशेष ऐतिहासिक ज़िम्मेदारी' को कभी न भूलें। इन्हीं ऐतिहासिक कारणों से हम इज़राइल के खिलाफ किसी भी व्यापक प्रतिबंध व्यवस्था में शामिल नहीं हो सकते और न ही होना चाहते हैं। यही जर्मन सरकार की नीति है और निकट भविष्य में इसमें कोई बदलाव नहीं होगा।

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