हौज़ा न्यूज़ एजेंसी के अनुसार , हुज्जतुल इस्लाम वल मुस्लिमीन ग़ुलामअली सफ़ाई बुशहरी ने कहा कि अरबईन केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि ज़ुहूर की तैयारी और प्रतिरोध की निरंतरता का प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि इमाम हुसैन अ.स.का आंदोलन कभी समाप्त होने वाला नहीं है, बल्कि इसका अंतिम पड़ाव इमाम-ए-ज़माना हज़रत मेंहदी (अ.ज.) का ज़ुहूर है।
उन्होंने आगे कहा कि आज के अरबईन का सबसे बड़ा संदेश यह है कि इस्लामी उम्मत और प्रतिरोध मोर्चा वैश्विक अहंकारी शक्तियों के सामने दृढ़ता और एकता के साथ खड़ा है।
उन्होंने यह भी कहा कि बुशहर प्रांत को इमाम हुसैन (अ.स.) के ज़ायरीन की सेवा करने का सौभाग्य प्राप्त है और यह उसके लिए गर्व तथा सम्मान का विषय है।
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